अज़ान का सम्मान: अमित शाह ने बीच में रोका अपना भाषण

अज़ान का सम्मान: अमित शाह ने बीच में रोका अपना भाषण

श्रीनगर। जम्मू कश्मीर के तीन दिन के दौरे पर पहुंचे गृहमंत्री अमित शाह ने आज बारामूला जिले में एक रैली को भी संबोधित किया। अमित शाह जब संबोधित कर रहे थे तभी पास की एक मस्जिद से अज़ान की आवाज़ आई तो शाह ने तुरंत अपना भाषण रोक दिया।

अज़ान की आवाज़ सुनकर अमित शाह ने मंच पर खड़े स्थानीय नेताओं से पूछा, “क्या मस्जिद में कुछ हो रहा है? इस पर एक व्यक्ति ने कहा नमाज़ का समय हुआ है। मस्जिद में अज़ान हो रही है।

इस पर अमित शाह ने तुरंत अपना भाषण रोक दिया। अमित शाह के भाषण रोकने पर रैली में आये लोगों ने स्वागत करते हुए तालियां भी बजाईं। जब अज़ान पूरी हो गई तो अमित शाह ने कुछ क्षण और इंतज़ार किया। उसके बाद उन्होंने पूछा कि क्या अजान पूरी हो गई है और वह अपना भाषण शुरू करें? उन्होंने पूछा, “मैं शुरू करूं या नहीं? जोर से बोलिए, शुरू करूं?” यह पूछने के बाद उन्होंने अपना भाषण शुरू कर दिया।

गौरतलब है कि जल्द ही जम्मू कश्मीर में विधानसभा चुनाव होने की संभावना है। अमित शाह के जम्मू कश्मीर के 3 दिवसीय दौरे को भी राज्य के विधानसभा चुनाव से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि अमित शाह अपने तीन दिवसीय दौरे के दौरान वरिष्ठ अधिकारियों के साथ सुरक्षा समीक्षा बैठक भी करेंगे। इसके अलावा कश्मीर के हालातो पर भी चर्चा करेंगे।

पाकिस्तान से कोई बातचीत नहीं होगी:

रैली को संबोधित करते हुए शाह ने पूछा कि क्या आतंकवाद से कभी किसी को फायदा हुआ है क्योंकि जम्मू-कश्मीर में 1990 के दशक से अब तक 42,000 लोगों की जान जा चुकी है।

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उन्होंने जम्मू और कश्मीर के कथित अविकसित विकास के लिए अब्दुल्ला (नेशनल कॉन्फ्रेंस), मुफ्ती (पीडीपी) और नेहरू-गांधी (कांग्रेस) के परिवारों को भी दोषी ठहराया क्योंकि उन्होंने 1947 में देश की आजादी के बाद से ज्यादातर समय तत्कालीन राज्य पर शासन किया था।

उन्होंने कहा, “कुछ लोग कहते हैं कि हमें पाकिस्तान से बात करनी चाहिए। हमें पाकिस्तान से बात क्यों करनी चाहिए? हम बात नहीं करेंगे। हम बारामूला के लोगों से बात करेंगे, हम कश्मीर के लोगों से बात करेंगे।”